गाजीपुर (ब्यूरो)। मुख्तार अंसारी के चचेरे भाई मंसूर अंसारी को इलाहाबाद हाईकोर्ट से बड़ी राहत मिली है। अदालत ने गैंगस्टर एक्ट के तहत गाजीपुर ...
गाजीपुर (ब्यूरो)। मुख्तार अंसारी के चचेरे भाई मंसूर अंसारी को इलाहाबाद हाईकोर्ट से बड़ी राहत मिली है। अदालत ने गैंगस्टर एक्ट के तहत गाजीपुर जिलाधिकारी द्वारा कुर्क की गई मंसूर अंसारी की 23 दुकानों को तत्काल मुक्त करने का आदेश दिया है। न्यायमूर्ति राजबीर सिंह की एकल पीठ ने मामले की सुनवाई करते हुए न केवल जिलाधिकारी की कार्रवाई को निरस्त किया, बल्कि गाजीपुर की एमपी-एमएलए कोर्ट के उस पुराने आदेश को भी खारिज कर दिया जिसमें इस जब्ती को सही ठहराया गया था।
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| Purvanchal Samachar |
कुर्की के पर्याप्त आधार नहीं: हाईकोर्ट
मामले की सुनवाई के दौरान याची के अधिवक्ता ने दलील दी कि मोहम्मदाबाद क्षेत्र में स्थित इन दुकानों को बिना ठोस आधार के अवैध घोषित कर कुर्क किया गया था। हाईकोर्ट ने तथ्यों का अवलोकन करने के बाद माना कि इन 23 दुकानों को गैंगस्टर एक्ट के दायरे में लाने और इन्हें अपराध की कमाई से अर्जित संपत्ति मानने के लिए पर्याप्त साक्ष्य मौजूद नहीं हैं। अदालत ने 17 फरवरी को अपना फैसला सुरक्षित रखा था, जिसे अब सुनाते हुए प्रशासन को बड़ा झटका दिया है।
मंसूर अंसारी की ओर से लगातार यह दावा किया जा रहा था कि उक्त संपत्तियां वैध तरीके से अर्जित की गई हैं।
