google.com, pub-8818714921397710, DIRECT, f08c47fec0942fa0 गाजीपुर: निर्माणाधीन नर्सिंग कॉलेज और महिला छात्रावास का डीएम ने किया निरीक्षण, काम में देरी पर जताई नाराजगी - Purvanchal samachar - पूर्वांचल समाचार

Page Nav

HIDE

Grid

GRID_STYLE

ads

गाजीपुर: निर्माणाधीन नर्सिंग कॉलेज और महिला छात्रावास का डीएम ने किया निरीक्षण, काम में देरी पर जताई नाराजगी

गाजीपुर। जनपद की स्वास्थ्य और शिक्षा व्यवस्था को सुदृढ़ करने के उद्देश्य से जिलाधिकारी अनुपम शुक्ला ने शुक्रवार को कड़ा रुख अपनाया। उन्होंने...

गाजीपुर। जनपद की स्वास्थ्य और शिक्षा व्यवस्था को सुदृढ़ करने के उद्देश्य से जिलाधिकारी अनुपम शुक्ला ने शुक्रवार को कड़ा रुख अपनाया। उन्होंने राजकीय मेडिकल कॉलेज परिसर में निर्माणाधीन नर्सिंग कॉलेज और ददरी घाट के समीप बन रहे 200 बेड के महिला छात्रावास का आकस्मिक स्थलीय निरीक्षण किया। इस दौरान कार्यों में लापरवाही और धीमी गति को देख जिलाधिकारी ने कार्यदायी संस्था को कड़ी फटकार लगाई।

Ghazipur News, Purvanchal Samachar
Purvanchal Samachar 

नर्सिंग कॉलेज: 30 जून तक का अल्टीमेटम

नर्सिंग कॉलेज के निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने पाया कि निर्माण की गति धीमी है और फिनिशिंग का कार्य भी कई जगहों पर अधूरा है। इस पर गहरी नाराजगी व्यक्त करते हुए उन्होंने कार्यदायी संस्था को दो-टूक शब्दों में निर्देश दिया कि निर्माण सामग्री की गुणवत्ता से कोई समझौता बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। डीएम ने स्पष्ट चेतावनी दी कि हर हाल में 30 जून 2026 तक सभी कार्य पूर्ण कर लिए जाएं। उन्होंने संस्थान के प्रयोगशाला, पुस्तकालय, पेयजल और विद्युत व्यवस्था का भी बारीकी से जायजा लिया।


महिला छात्रावास की सुरक्षा पर जोर

इसके उपरांत जिलाधिकारी ददरी घाट स्थित 200 बेड के निर्माणाधीन महिला छात्रावास पहुंचे। उन्होंने वहां छात्राओं की सुरक्षा व्यवस्था, स्वच्छता, शौचालय और पेयजल सुविधाओं की विस्तृत जानकारी ली। डीएम ने निर्देशित किया कि छात्राओं को सुरक्षित और सुविधायुक्त वातावरण प्रदान करना शासन की प्राथमिकता है, इसलिए परिसर के सुरक्षा मानकों को और अधिक मजबूत किया जाए।


लापरवाही पर तय होगी जिम्मेदारी

जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को नियमित निगरानी करने के निर्देश देते हुए कहा कि यह संस्थान भविष्य में जिले की स्वास्थ्य सेवाओं की रीढ़ बनेंगे, इसलिए इनके निर्माण में तकनीकी मानकों का पूर्ण पालन होना चाहिए। यदि भविष्य में किसी भी स्तर पर लापरवाही पाई गई, तो संबंधित अधिकारी और संस्था की जिम्मेदारी तय कर कठोर कार्रवाई की जाएगी।

इस निरीक्षण के दौरान मुख्य विकास अधिकारी आलोक प्रसाद, जिला विकास अधिकारी सुभाष चन्द्र सरोज, मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य सहित कार्यदायी संस्था के प्रतिनिधि और अन्य प्रशासनिक अधिका

री उपस्थित रहे।