वाराणसी: धर्म एवं मोक्ष की पावन नगरी काशी में आज की रात माथे पर पारंपरिक मौर बांधकर बाबा लाट भैरव अपनी भव्य बारात लेकर माता शीतला के दरबार ...
वाराणसी:धर्म एवं मोक्ष की पावन नगरी काशी में आज की रात माथे पर पारंपरिक मौर बांधकर बाबा लाट भैरव अपनी भव्य बारात लेकर माता शीतला के दरबार पहुंचेंगे, जहां शास्त्रोक्त शुभ मुहूर्त में पावन विवाह संपन्न कराया जाएगा। इस अलौकिक वैवाहिक अनुष्ठान को लेकर भक्तों और मंदिर प्रबंध समिति द्वारा तैयारियां युद्धस्तर पर पूरी कर ली गई हैं। इससे पूर्व शुक्रवार की रात बाबा के प्रांगण में मंगलगीतों के बीच मेहंदी रस्म का विधान अत्यंत श्रद्धा और उल्लास के साथ संपन्न हुआ।
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| Purvanchal Samachar |
देर रात सजी मेहंदी की थाली, गूंजे मांगलिक सोहर गीत
विवाह की पूर्व संध्या पर शुक्रवार रात लाट भैरव मंदिर प्रांगण में विशेष उत्सव का माहौल रहा। थाल-परात में सजाकर बाबा के चरणों में मेहंदी अर्पित की गई और विग्रह को परंपरागत रूप से मेहंदी लगाई गई।
उपस्थित महिलाओं व श्रद्धालुओं ने मंगलगीत और वैवाहिक सोहर गाकर संपूर्ण वातावरण को भक्तिमय बना दिया। भक्तों ने शीश नवाकर बाबा लाट भैरव और माता शीतला से परिवार की सुख-समृद्धि एवं लोक-कल्याण का आशीर्वाद मांगा।
डमरूदल और शहनाई की धुन पर निकलेगी बारात, विधायक नीलकंठ तिवारी बनेंगे बाराती
आज शाम गाजे-बाजे, डमरूदल, शहनाई, बैंड और डीजे की गूंज के साथ बाबा की भव्य बारात नगर भ्रमण करते हुए माता शीतला के मंदिर पहुंचेगी।
इस ऐतिहासिक बारात में शहर दक्षिणी के विधायक एवं पूर्व मंत्री डॉ. नीलकंठ तिवारी भी बाराती के रूप में शामिल होकर बारात की अगुवानी करेंगे। रास्ते भर भक्तों द्वारा बारात पर पुष्पवर्षा करने की व्यापक तैयारी की गई है। कंधे से भव्य रथ तक, चार पीढ़ियों का गौरवशाली परम्परा है।
